logo icon

Vacutainer Blood Collection tubes

About Image
September 29, 2025
About Image

Vacutainer Blood Collection Tubes 

वैक्यूटेनर प्रणाली (Vacutainer System) रक्त संग्रहण के लिए

वैक्यूटेनर प्रणाली एक बंद और सुरक्षित रक्त संग्रहण प्रणाली है, जिसका उपयोग रक्त के नमूने लेने और संग्रहीत करने के लिए किया जाता है। यह प्रणाली मुख्य रूप से तीन घटकों से बनी होती है:

1. वैक्यूटेनर ट्यूब (Vacutainer Tube) – ये प्री-वैक्यूम युक्त ट्यूब होती हैं, जिनमें विभिन्न प्रकार के एडिटिव्स (जैसे एंटीकोएगुलेंट, सेपरेटर जेल) होते हैं।

2. सिंगल-यूज़ नीडल (Needle) – यह रक्त निकालने के लिए उपयोग की जाती है और एक बार इस्तेमाल के बाद फेंक दी जाती है।

3. नीडल होल्डर (Needle Holder) – यह नीडल और ट्यूब को जोड़ने के लिए प्रयोग किया जाता है।

वैक्यूटेनर ट्यूब के प्रकार विभिन्न परीक्षणों के लिए अलग-अलग रंग की ट्यूब होती हैं, जैसे:

लाल ट्यूब (Red Tube) – सीरम बायोकैमिस्ट्री के लिए

बैंगनी ट्यूब (Purple Tube) – पूर्ण रक्त गणना (CBC) के लिए

नीली ट्यूब (Blue Tube) – कोएगुलेशन परीक्षण के लिए

हरे रंग की ट्यूब (Green Tube) – प्लाज्मा के लिए

ग्रे ट्यूब (Gray Tube) – ग्लूकोज परीक्षण के लिए

वैक्यूटेनर प्रणाली के फायदे

संक्रामक बीमारियों के जोखिम को कम करता है।

सटीक मात्रा में रक्त संग्रह करता है।

सुरक्षित और सुविधाजनक प्रक्रिया होती है।

मल्टी-सैंपल नीडल से एक ही बार में कई ट्यूब में रक्त लिया जा सकता है।

रक्त संग्रह की प्रक्रिया

  1. रोगी की नस को पहचाना जाता है।
  2. वेनिपंक्चर (Venipuncture) के लिए त्वचा को साफ किया जाता है।
  3. नीडल को नस में डाला जाता है और ट्यूब को होल्डर में जोड़कर रक्त खींचा जाता है।
  4. आवश्यक मात्रा में रक्त लेने के बाद ट्यूब को हटा दिया जाता है।
  5. नीडल को निकालकर सुरक्षित रूप से डिस्पोज़ कर दिया जाता है।

यह प्रणाली प्रयोगशालाओं, अस्पतालों और ब्लड बैंकों में बड़े पैमाने पर उपयोग की जाती है।

रक्त नमूना एकत्र करने के दौरान निम्नलिखित सावधानियाँ बरतनी चाहिए:

  1. स्वच्छता और सुरक्षा
  2. हाथों को साबुन और पानी से धोएं या सैनिटाइज़र का उपयोग करें।
  3. साफ और निष्फल (sterile) दस्ताने पहनें।
  4. उपयोग किए गए सुई, सिरिंज और अन्य उपकरणों को सही तरीके से नष्ट करें।
  5. रोगी की पहचान सुनिश्चित करें
  6. मरीज का नाम, उम्र और पहचान पत्र की पुष्टि करें।सही टेस्ट के लिए उचित लेबलिंग करें।
  7. सही तकनीक का पालन करें
  8. बाँह पर सही स्थान (कोहनी के पास नस) चुनें।नस खोजने के लिए टूरनिक्वेट (tourniquet) लगाएं, लेकिन बहुत कसकर नहीं बांधें।
  9. सुई को सही कोण (15-30 डिग्री) पर डालें।रक्त निकालने के बाद सुई को सावधानीपूर्वक हटाएं और रूई से दबाव दें।

संक्रमण से बचाव

  1. एक ही सुई का दोबारा इस्तेमाल न करें।रक्त से संबंधित सभी उपकरणों को बायोमेडिकल वेस्ट डिस्पोजल नियमों के अनुसार नष्ट करें।
  2. यदि रक्त फैल जाए, तो उसे तुरंत साफ करें और संक्रमण-निरोधी उपाय अपनाएं।

रोगी की देखभाल

  1. रक्त निकालने के बाद रोगी को कुछ देर बैठने दें।यदि रोगी को चक्कर आए या बेहोशी महसूस हो, तो उसे लेटने के लिए कहें।

संग्रहित नमूने का उचित प्रबंधन

  1. टेस्ट ट्यूब को हल्के हाथों से हिलाएं (shake नहीं करें) ताकि रक्त सही से मिल जाए।
  2. सही तापमान पर नमूनों को संग्रहित करें और समय पर प्रयोगशाला भेजें।
  3. इन सावधानियों को अपनाकर, रक्त नमूना सुरक्षित और प्रभावी ढंग से एकत्र किया जा सकता है।

Also Read: नवजात शिशुओं में हीमोलिटिक रोग - DPMI India

Recent Blogs

July 29, 2026

Global Career Opportunities in Hospitality | Explore Your Future

Read More
July 24, 2026

The Future of Hospitality in the Digital Age | Tech Meets Human Touch

Read More
July 21, 2026

The Importance of Lead Aprons and Shielding in Radiation Safety | DPMI

Read More
July 16, 2026

Congenital Deformities in Late Pregnancies: Causes and Prevention

Read More
July 10, 2026

Methods of Preventing Communicable Diseases: A Complete Guide

Read More

DELHI PARAMEDICAL & MANAGEMENT INSTITUTE (DPMI)